Category Archives: नया अंक

मई-जून 2016

  • मोदी सरकार के दो साल: जनता बेहाल, पूँजीपति मालामाल
  • फासीवादी हमले के विरुद्ध ‘जेएनयू’ में चले आन्दोलन से जुड़े कुछ महत्वपूर्ण सवाल
  • जुमले बनाम रोज़गार और विकास की स्थिति
  • राष्ट्रवाद : एक ऐतिहासिक परिघटना का इतिहास और वर्तमान
  • ब्रिटेन का यू‍रोपीय संघ से बाहर जाना: साम्राज्यवादी संकट के गहराते भँवर का नतीजा
  • लोकप्रियता और यथार्थवाद / बेर्टोल्ट ब्रेष्ट (1938)
  • बिपिन चन्द्र की पुस्तक पर भगवा हमला : भगतसिंह बनाम क्रान्तिकारी आतंकवाद
  • प्रीति‍लता वादेदार :चटगाँव विद्रोह की अमर सेनानी
  • ग्वाटेमाला की जनता के संघर्षों के सहयोद्धा और जीवन के चितेरे कवि : ओतो रेने कास्तिय्यो
  • सत्ता के दमन की चपेट में – छत्तीसगढ़ की जनता!
  • जल संकट : वित्तीय पूँजी की जकड़बन्दी का नतीजा
  • नवम्‍बर 2015-फरवरी 2016

    मई-अक्‍टूबर 2015

  • साम्प्रदायिक फासीवादी सत्ताधारियों के गन्दे चेहरे से उतरता नकाब़
  • पोर्नोग्राफ़ी पर प्रतिबन्ध: समर्थन और विरोध के विरोधाभास
  • एक युवा नाटककार की नज़र से ललितगेट घोटाला
  • बाबाडम और माताडम: दिव्यता के नये कामुक और बाज़ारू अवतार
  • साइनाथ का एनजीओ प्रायोजित रैडिकलिज़्म और ‘परी’ की पॉलिटिक्स
  • एफ़.टी.आई.आई. के छात्रों का संघर्ष ज़िन्दाबाद
  • अन्तरराष्ट्रीय योग दिवस: भगवाकरण का एक और प्रयास
  • फ़ासीवाद, जर्मन सिनेमा और असल ज़िन्दगी के बारे में जर्मनी के प्रचार मंत्री, डॉक्टर गोएबल्स को सर्गेई आइज़ेन्सताइन का खुला पत्र
  • यमन पर हमला अरब के शेखों और शाहों की मानवद्रोही सत्ताओं की बौखलाहट की निशानी है
  • विज्ञान के विकास का विज्ञान
  • जनवरी-अप्रैल 2015

  • ‘आम आदमी पार्टी’ की ज़बरदस्त जीत के निहितार्थ और क्रान्तिकारी आन्दोलन की चुनौतियाँ
  • हम हार नहीं मानेंगे! हम लड़ना नहीं छोड़ेंगे!
  • सिरिज़ा की विजय पर क्रान्तिकारी ताक़तों को ख़ुश क्यों नहीं होना चाहिए
  • क़तर में होने वाला फुटबॉल विश्व कप : लूट और हत्या का खेल
  • शार्ली एब्दो और बोको हरम: साम्राज्यवादी ताक़तों का दुरंगा चरित्र
  • स्वयंसेविता, नोबल पुरस्कार की राजनीति और पूँजीवादी व्यवस्था के दायरे के भीतर एक विरोध-पक्ष संगठित करने की मुहिम
  • अटल बिहारी वाजपेयी को भारत रत्न – संघ की अथक सेवा का मेवा!
  • रघुराम राजन: पूँजीपति वर्ग के दूरगामी हितों का रक्षक!
  • फ़ासीवादियों द्वारा इतिहास का विकृतीकरण
  • भारतीय विज्ञान कांग्रेस में वैज्ञानिक तर्कणा के कफ़न की बुनाई
  • गाँधी: एक पुनर्मूल्‍यांकन
  • एंगेल्‍स की प्रसिद्ध पुस्तिका ‘समाजवाद: काल्‍पनिक तथा वैज्ञानिक’ का परिचयc
  • सितम्‍बर-दिसम्‍बर 2014

    जुलाई-अगस्‍त 2014

  • उतरती “मोदी लहर” और फासीवाद से मुक़ाबले की गम्भीर होती चुनौती
  • ‘लव जेहाद’ के शोर के पीछे की सच्चाई
  • ‘पंजाब (सार्वजनिक व निजी जायदाद नुकसान रोकथाम) क़ानून- 2014’ जनसंघर्षों को कुचलने की नापाक कोशिश
  • मालिन गाँव हादसा – यह प्राकृतिक नहीं पूँजी-जनित आपदा है
  • पाकिस्तान का वर्तमान संकट और शासक वर्ग के गहराते अन्तरविरोध
  • इस्लामिक स्टेट (आईएस): अमेरिकी साम्राज्यवाद का नया भस्मासुर
  • ड्रोन हमले – अमेरिकी हुक्मरानों का खूँखार चेहरा
  • भगतसिंह के लिए एक गद्यात्मक सम्बोध-गीति
  • प्रथम विश्वयुद्ध के साम्राज्यवादी नरसंहार के सौ वर्षों के अवसर पर
  • विज्ञान के इतिहास का विज्ञान (पहली किस्त)
  • नौजवान का रास्ता-मुक्तिबोध का प्रसिद्ध लेख
  • जनवरी-अप्रैल 2014